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इस शख्स ने दी भारत रत्न अटल जी को मुखाग्नि, जानिये कौन है ये और क्या था इनका अटल जी से नाता

भारत रत्न और देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी स्वतंत्रता दिवस के अगले ही दिन हमें अलविदा कह गए. 16 अगस्त 2018 को शाम 5.05 मिनट पर उन्होंने अपनी आखरी सांस ली और इसी के साथ पूरा देश शोक में डूब गया. कल सुबह से ही राजधानी में तैयारियां की जा रही थी और दोपहर से ही एम्स के इर्दगिर्द और अटल जी के आवास के वहां बेरिकेडिंग और सुरक्षा इंतज़ाम कर दिए गए थे.

Source – TimesNow

कल शाम को ही अटल जी का पार्थिव शरीर उनके आवास पर लाया गया था और उन्हें श्रद्धांजलि प्रदान की जा रही थी. आज उनके पार्थिव शरीर को भाजपा के मुख्यालय ले जाया गया था जहा सत्ता-विपक्ष के अन्य नेताओं ने पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी. प्रधानमंत्री मोदी, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह, अटल जी के करीबी मित्र और भाजपा नेता लालकृष्ण अडवानी समेत कई बड़े नेताओं ने अटल जी के दर्शन कर उन्हें श्रद्धांजलि प्रदान की. यहाँ से उनका पार्थिव शरीर को स्मृति स्थल ले जाया गया जहाँ उनका अंतिम संस्कार किया गया.

Source – InKhabar

बता दे कि अटल जी की अंतिम यात्रा में हज़ारों लोग शामिल हुए और लोगों ने “अटल अमर रहे” के नारे भी लगाए. जिस वाहन में अटल जी का पार्थिव शरीर था, पीएम मोदी और अमित शाह उसके पीछे पैदल चलते नज़र आये. देश विदेश के अन्य नेताओं के जमावड़े के बीच अटल जी का पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया. निधन के बाद से ही एक सवाल उठ रहा था कि आखिर अटल जी को मुखाग्नि कौन देगा क्योंकि उन्होंने शादी नहीं की थी. मगर अटल जी को मुखाग्नि उनकी बेटी नमिता और नातिन निहारिका ने दी.

अटल जी उम्र भर कुंवारे रहे और उन्होंने शादी नहीं की थी मगर नमिता भट्टाचार्य उनकी एक बेटी थी. दरअसल नमिता ग्वालियर स्तिथ लक्ष्मी बाई कॉलेज (पूर्व विक्टोरिया कॉलेज) में अटल जी की सहपाठी राजकुमारी कौल की बेटी हैं. नमिता का विवाह रंजन भट्टाचार्य से हुआ था और निहारिका उनकी बेटी है. कौल और वाजपेयी के बीच पारिवारिक संबंध काफी पुराने थे और राजकुमारी कौल के पति के देहांत के बाद वाजपेयी उनके घर के एक अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा बन गए थे. 70 के दशक में अटल जी ने आधिकारिक तौर पर नमिता को अपनी दत्तक पुत्री के रूप में स्वीकारा था.